Update 23 June

खोरी अपडेट 194

23 जून 2023

जिंदाबाद साथियों!

हमने खोरी गाँव के कई निवासियों से बात किया, और पाया की कई लोग अपना अपील फॉर्म भर कर एमसीएफ कार्ययालय मे जमा करने गए तो एमसीएफ वालों ने फॉर्म जमा लेने से माना कर दिया, यह कहते हुए की आपके पास दिल्ली का दस्तावेज है I इसी तरह कुछ लोग जो अपना आवंटन पत्र नहीं ले पाये थे, वे लोग जब एमसीएफ ऑफिस अपना आवंटन पत्र लेने गए तो उन्हे कई दिन संतोषजनक जवाब दिए बिना ही लौटा दिया गया I और बहोत से लोग बहोत बार अपना बैंक विवरण सही करवा कर आए फिर भी उन्हे सोलेशियम के पैसे नहीं आए अभी तक I

लोग, छुट्टी लेकर एमसीएफ कार्यालय में अपना काम करवाने जाते हैं और लोगो की बात सुने बिना उन्हें मना कर दिया जाता है, क्योंकि, या तो एमसीएफ में उस दिन कर्मचारी कम होते हैं या वे खोरी गांव के लोगों की शिकायतों को सुनने के मूड में नहीं होते हैं। हमने उन्हें यह भी कहते हुए सुना है, “ये खोरी गांव के निवासी बार-बार यहां आ जाते हैं।“ अब तक एमसीएफ का रब्बाइया बहोत ही खराब रहा खोरी गाँव के निवासियों के साथ, इसको हम ध्यान रखते हुए कोर्ट मे बात रखेंगे I

लोग अब तक कई बार अपने दस्तावेज जमा कर चुके हैं। और पुनर्वास सूची से नाम खारिज करने के बाद अब तक कोई संतोषजनक जवाब नहीं दिया गया। और एमसीएफ़ उन निवासियों का रिकॉर्ड, जिन्होंने अपने फॉर्म ऑफलाइन भरे थे राधा स्वामी मे, बार-बार पूछने के बाद भी इस जानकारी को हमारे साथ साझा करने से इनकार कर दिया है। और अब एमसीएफ चाहता है कि हम साबित करे की हमने ऑफलाइन फॉर्म भरा था, हम सबूत के बोझ का सामना करें। 1073 निवासियों ने जून 2022 में राधा स्वामी में अपनी अपील दायर की। हम अदालत में उनकी अस्वीकृति के लिए जवाब मांगेंगे।

हम जानते हैं कि एमसीएफ हमारे खोरी अपडेट पढ़ता है। इसलिए हम आज उनसे कहना चाहते हैं कि खोरी गांव के निवासियों को परेशान करना बंद करें। हमारे साथ सम्मान के साथ व्यवहार करें। हम तब तक लड़ना बंद नहीं करेंगे जब तक अंतिम व्यक्ति को न्याय नहीं मिल जाता।

हमारी अगली अदालत की सुनवाई जल्द ही 16 जुलाई को आ रही है। आयुक्त को उस दिन फिर से सुनवाई के लिए उपस्थित रहने का आदेश दिया गया है।

टीम साथी।